Create an Account

मरुधरा के महकते फूल (राजस्थान के प्रतिनिधि लघुकथाकारों की लघुकथाएँ)

Marudhara ke Mahakate Phool (Rajasthan ke Pratinidhi Laghukathakaro ki laghukathae) (Hindi)

495.00 445.00

Order on WhatsApp
Categories:
ISBN 9789367098547
Name of Authors Madhav Nagda
Name of Authors (Hindi) माधव नागदा
Edition 1st
Book Type Hard Back
Year 2026
Pages 184

मरुधरा के महकते फूलः इस संग्रह में राजस्थान के ख्यात 35 लघुकथाकारों की लगभग 175 लघुकथाएँ संकलित हैं। यहाँ पाठक पूर्णिमा मित्रा जैसी अपेक्षाकृत युवा कथाकार की मौजूदगी पायेंगे तो राजस्थान की लघुकथा को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने वाले भगीरथ, मोहन राजेश, डॉ. रामकुमार घोटड़ और प्रबोध कुमार गोविल की प्रतिनिधि लघुकथाओं से भी रूबरू होंगे।

लघुकथा दिखने में जितनी छोटी लगती है लिखने में उतनी ही कठिन है। शब्दों की मितव्ययता, प्रभाव की सघनता, यथार्थ का कलात्मक अंकन, कथा-प्रवाह की रोचकता और समापन बिन्दु की बेधकता इन सभी आयामों में संतुलन बनाए रखना तनी हुई रस्सी पर चलने के तुल्य है। राजस्थान का लघुकथाकार इस संतुलन को साधने में काफी हद तक सफल हुआ है। संग्रह की लगभग सभी लघुकथाएँ शिल्प, विषय-वस्तु, विचार या भाषा की दृष्टि से ध्यान आकर्षित करतीं हैं।

माधव नागदाः जन्म 20 दिसंबर 1951, लालमादड़ी, नाथद्वारा। कहानी, लघुकथा, कविता, डायरी और आलोचना विधाओं में बराबर लेखन। कहानीकार और लघुकथाकार के रूप में विशेष चर्चित। अब तक छः कहानी संग्रह, तीन लघुकथा संग्रह, एक कविता संग्रह, एक डायरी विधा की पुस्तक और दो आलोचना कृतियाँ प्रकाशित। राजस्थानी भाषा में भी दो कहानी संग्रह एवं एक डायरी प्रकाशित। राजस्थान साहित्य अकादमी, उदयपुर (दो बार), राजस्थानी भाषा, साहित्य एवं संस्कृति अकादमी, बीकानेर, सृजन सेवा संस्थान, गंगानगर, राष्ट्रभाषा हिन्दी प्रचार समिति, डूंगरगढ़, सृजना, जोधपुर, युगधारा, उदयपुर, साहित्य मण्डल, नाथद्वारा, कथा संस्थान, जोधपुर आदि संस्थाओं से पुरस्कृत और सम्मानित। लघुकथा संग्रह ‘आग’ मराठी, अंग्रेजी और सिन्धी में अनूदित। राजस्थानी और हिन्दी की कहानियाँ विश्वविद्यालयी पाठ्यक्रम में सम्मिलित।

संपर्क-लालमादड़ी (नाथद्वारा)-313301 (राज.), मो.-9829588494

Reviews

There are no reviews yet.

Be the first to review “Marudhara ke Mahakate Phool (Rajasthan ke Pratinidhi Laghukathakaro ki laghukathae) (Hindi)”

Your email address will not be published. Required fields are marked *